चौपाल में ग्रामीणों से सीधा संवाद, आंगनबाड़ी, स्वास्थ्य केंद्र और आश्रमशालाओं का किया निरीक्षण*
सुकमा। जिले के दूरस्थ वनांचल क्षेत्रों में शासन की योजनाओं और बुनियादी सुविधाओं की वास्तविक स्थिति जानने कलेक्टर अमित कुमार एवं जिला पंचायत सीईओ मुकुन्द ठाकुर ग्राम मिचवार और कुन्ना पहुंचे। अधिकारियों ने ग्रामीणों के बीच पहुंचकर चौपाल लगाई और उनकी समस्याओं तथा जरूरतों की जानकारी ली।
दौरे के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों से आवास निर्माण की प्रगति की जानकारी लेते हुए लंबित कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए गए। वहीं, स्वच्छ भारत मिशन के तहत निर्मित शौचालयों का नियमित उपयोग करने के लिए ग्रामीणों को जागरूक किया गया। महिलाओं को ‘बिहान’ योजना के तहत स्व-सहायता समूहों से जोड़कर आजीविका के अवसर बढ़ाने के लिए भी प्रेरित किया गया।
कलेक्टर ने आंगनबाड़ी केंद्र पहुंचकर पोषण ट्रैकर ऐप की स्थिति और टेक होम राशन वितरण की जानकारी ली। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को नियमित रूप से आंगनबाड़ी केंद्र और स्कूल भेजने की अपील की। बच्चों के पहचान पत्र बनवाने के लिए सरपंच और सचिव को आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। किसानों का एग्रीस्टैक पोर्टल पर पंजीयन भी मौके पर कराया गया।
स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लेते हुए उप स्वास्थ्य केंद्र मिचवार में भवन मरम्मत, सोलर व्यवस्था, बाउंड्रीवाल और स्वास्थ्यकर्मियों के लिए दो शासकीय क्वार्टर निर्माण की स्वीकृति दी गई। वहीं इडजेपाल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पेवर ब्लॉक, रेन वाटर हार्वेस्टिंग, बाउंड्रीवाल और योग केंद्र निर्माण को मंजूरी दी गई। इस दौरान युवाओं को क्रिकेट किट भी वितरित की गई।
कुन्ना बालक आश्रम और कुंदनपाल कन्या आश्रम के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने बच्चों से बातचीत की और आश्रम की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने भंडार कक्ष में पहुंचकर दाल-चावल की गुणवत्ता देखी तथा बच्चों के कमरों में बिस्तर, कंबल और पंखों की स्थिति की जानकारी ली। कुन्ना के युवा खिलाड़ियों और आश्रम के बच्चों को क्रिकेट किट वितरित की गई। कन्या आश्रम कुंदनपाल में छात्राओं की सुविधा के लिए सोलर पैनल और वाटर कूलर की तत्काल स्वीकृति दी गई।
दौरे के अंत में कलेक्टर ने कुन्ना क्षेत्र में जल जीवन मिशन के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। वहीं गुम्मा हाईस्कूल के निर्माणाधीन भवन को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूरा करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।
कलेक्टर अमित कुमार ने कहा कि जिला प्रशासन का उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों को ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार पहुंचकर समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।





